अन्य मांस भारत में पशुधन की एक बहुत ही महत्वपूर्ण प्रजाति है। ग्रामीण क्षेत्रों और लोगों के विकास में उनके योगदान के लिए उन्हें बहुत महत्वपूर्ण माना जाता है। पनीर, मांस और रेशों के लिए गुणवत्ता लेबल और अभिनव उत्पादों को बढ़ावा देने की स्थानीय पहल स्वाइन/सूअर, खरगोश, घोड़े, ऊँट, प्राइमेट आदि को दुनिया भर में पर्यावरण के अनुकूल वातावरण में सतत विकास के लिए भूमिका निभाने में मदद कर सकती है।
उत्पादन के क्षेत्र: सुअर जनसंख्या: असम (30.47%), झारखंड (10.27%), मेघालय (8.62%), नागालैंड (7.43%), पश्चिम बंगाल (7.29%) और त्रिपुरा (5.56%)।
| वित्त वर्ष 2024 में निर्यात मात्रा (मीट्रिक टन) | वित्त वर्ष 2024 में निर्यात (मिलियन अमेरिकी डॉलर) | |
| अन्य मांस | 223.68 | 0.82 |
प्रमुख निर्यात गंतव्य (2023-24): भूटान, कोरिया, फिलीपींस, फिजी, गिनी। (स्रोत: DGCIS)











